डीग (जिला संवाद दाता)
ऐतिहासिक शहर डीग की कला, संस्कृति और विरासत को समर्पित “डीग महोत्सव 2025” का भव्य आयोजन 10 अक्टूबर को किया जाएगा। महोत्सव की तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए अतिरिक्त जिला कलेक्टर राजकुमार कस्वा की अध्यक्षता में शुक्रवार को पंचायत समिति सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए अतिरिक्त जिला कलेक्टर कस्वा ने कहा कि डीग महोत्सव जिले की एक विशिष्ट पहचान है और इसके आयोजन में किसी भी प्रकार की कोई कमी नहीं रहनी चाहिए। उन्होंने सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को महोत्सव के सफल क्रियान्वयन हेतु आवश्यक आदेश तत्काल जारी करने और सौंपे गए दायित्वों का पूरी जिम्मेदारी से निर्वहन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
महोत्सव के कार्यक्रमों का हुआ निर्धारण
बैठक में पर्यटन विभाग के संयुक्त निदेशक संजय जौहरी ने महोत्सव के कार्यक्रमों की विस्तृत रूपरेखा प्रस्तुत की। उन्होंने बताया कि महोत्सव का शुभारंभ 10 अक्टूबर को प्रातः 8:30 बजे एक भव्य शोभायात्रा के साथ होगा, जो शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरेगी। इस शोभायात्रा में स्कूली विद्यार्थी, स्काउट-गाइड, खिलाड़ी, स्थानीय गणमान्य नागरिक और पर्यटन विभाग द्वारा आमंत्रित लोक कलाकार अपनी कला का प्रदर्शन करते हुए शामिल होंगे।
पारंपरिक खेल और प्रतियोगिताएं होंगी आकर्षण का केंद्र
शोभायात्रा के समापन के पश्चात मेला मैदान में विभिन्न पारंपरिक प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा, जिनमें:
प्रातः 10 से 11 बजे: दमखम कबड्डी प्रतियोगिता
प्रातः 11 से 12 बजे: मूंछ प्रतियोगिता
दोपहर 12 से 1 बजे: रस्सा-कस्सी प्रतियोगिता
दोपहर 1 से 2 बजे: राधा-कृष्ण पोशाक प्रतियोगिता
डीग के ऐतिहासिक महलों में होंगे विशेष आयोजन
दोपहर में डीग के प्रसिद्ध महलों में कार्यक्रम आयोजित होंगे:
दोपहर 2 से 3 बजे: डीग महल में साफा बांधने की प्रतियोगिता
सायं 5 बजे: “डीग के रंग” कार्यक्रम के तहत रंगीन फव्वारों का विशेष संचालन
सायं 6 बजे: जल महलों में “जग-मग डीग” कार्यक्रम के तहत 2000 दीपों का भव्य दीपदान किया जाएगा, जो एक मनोरम दृश्य प्रस्तुत करेगा।
सांस्कृतिक संध्या से सजेगी शाम
महोत्सव का समापन एक भव्य सांस्कृतिक संध्या के साथ होगा। सायं 7:30 बजे से आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में राजस्थान के प्रसिद्ध लोक कलाकारों के साथ-साथ अन्य आमंत्रित कलाकारों द्वारा मनमोहक प्रस्तुतियां दी जाएंगी।
बैठक में महोत्सव के सफल आयोजन हेतु पुलिस विभाग को सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था, नगर परिषद को साफ-सफाई एवं साज-सज्जा, शिक्षा विभाग को शोभायात्रा में भागीदारी तथा जलदाय विभाग को पेयजल व्यवस्था सहित अन्य विभागों को महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी गईं।