पंचकूला नगर निगम बैंक घोटाला: दूसरे आरोपी रजत धारा की गिरफ्तारी, ACB की जांच तेज
पंचकूला: पंचकूला नगर निगम से जुड़े कथित बैंक घोटाले में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई की है। इस मामले में दूसरे आरोपी रजत धारा को गिरफ्तार कर लिया गया है। शुरुआती जांच में पता चला कि आरोपी के बैंक खाते में करीब 70 करोड़ रुपये की संदिग्ध ट्रांजैक्शन हुई थीं। आरोप है कि यह रकम आगे बिल्डरों और अन्य व्यक्तियों के खातों में ट्रांसफर कर दी गई। पूरे मामले की कुल राशि 160 करोड़ रुपये के आसपास बताई जा रही है, जिसमें कोटक महिंद्रा बैंक की फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) से संबंधित गड़बड़ी शामिल है।गिरफ्तारी के बाद रजत धारा को जिला अदालत में पेश किया गया। ACB ने आरोपी से पूछताछ के लिए 10 दिन का रिमांड मांगा, लेकिन अदालत ने 6 दिन का पुलिस रिमांड प्रदान किया। अब आरोपी को 2 अप्रैल को दोबारा अदालत में पेश किया जाएगा।बचाव पक्ष के वकील ने दावा किया कि सभी लेन-देन से जुड़े दस्तावेज उनके पास मौजूद हैं और उन्होंने कम रिमांड की मांग की थी। ACB इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है। सूत्रों के अनुसार, आगे और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं। इस घोटाले में बैंक अधिकारियों की मिलीभगत और फर्जी दस्तावेजों के जरिए नगर निगम की जनता के पैसे से छेड़छाड़ का मामला सामने आया है, जिससे प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ है।पंचकूला नगर निगम के इस घोटाले ने पूरे हरियाणा में चर्चा का विषय बना रखा है। ACB की टीम सभी संदिग्ध खातों, ट्रांजैक्शन और संबंधित व्यक्तियों पर सख्त नजर रखे हुए है। जांच पूरी होने के बाद और गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं।अपडेट: इस मामले में पहले चरण में भी एक बैंक रिलेशनशिप मैनेजर को गिरफ्तार किया जा चुका है। ACB का कहना है कि जांच पूरी तरह पारदर्शी तरीके से की जा रही है और दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।