अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बार फिर अपने बयान को लेकर सुर्खियों में हैं। इस बार उन्होंने ऐसा दावा किया है, जिसने वैश्विक राजनीति में नई बहस छेड़ दी है। फ्लोरिडा के पाम बीचेस में ‘फोरम क्लब’ के एक कार्यक्रम के दौरान ट्रंप ने कहा कि अमेरिका बहुत जल्द क्यूबा पर “कब्जा” कर सकता है। कार्यक्रम में मौजूद पूर्व प्रतिनिधि डैन माइका का जिक्र करते हुए ट्रंप ने कहा, “डैन मूल रूप से क्यूबा नाम की जगह से आते हैं, जिसे हम लगभग तुरंत अपने नियंत्रण में लेने जा रहे हैं।” उनके इस बयान ने वहां मौजूद लोगों को चौंका दिया और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चाएं तेज हो गईं।
ट्रंप ने क्यूबा की मौजूदा स्थिति पर टिप्पणी करते हुए कहा कि वहां कई समस्याएं हैं, लेकिन वे एक साथ कई मोर्चों पर काम नहीं करना चाहते। उन्होंने कहा, “क्यूबा में दिक्कतें हैं, लेकिन हम पहले एक काम पूरा करेंगे। मुझे अधूरा काम पसंद नहीं है।” उन्होंने आगे दावा किया कि अमेरिकी ताकत का सिर्फ प्रदर्शन ही काफी होगा। ट्रंप ने कहा, “हमारा युद्धपोत दिखेगा और वे (क्यूबा के लोग) कहेंगे—धन्यवाद, हम आत्मसमर्पण करते हैं।”
यह भी पढ़ें: पेट्रोल 4 डॉलर पार: ईरान युद्ध के बीच ट्रंप पर घरेलू दबाव, मिड-टर्म चुनाव मजबूर कर रहा नरम रुख?
ट्रंप के इस बयान के बाद यह सवाल उठ रहा है कि क्या यह सिर्फ एक मजाक था या किसी संभावित नीति की ओर संकेत। हालांकि उन्होंने अपने बयान को विस्तार से स्पष्ट नहीं किया है और व्हाइट हाउस की ओर से भी इस पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

इस बीच, ट्रंप ने 1 मई 2026 को क्यूबा के खिलाफ नए प्रतिबंधों की घोषणा की है। इन प्रतिबंधों में क्यूबा के कई अधिकारियों को निशाना बनाया गया है, साथ ही उन विदेशी बैंकों को भी चेतावनी दी गई है जो उनके साथ व्यापार करते हैं। इसे क्यूबा पर दबाव बढ़ाने की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है। इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर अमेरिका-क्यूबा संबंधों को वैश्विक चर्चा के केंद्र में ला दिया है।
यह भी पढ़ें: SCO में भारत का सख्त संदेश, डबल स्टैंडर्ड बर्दाश्त नहीं; राजनाथ सिंह ने दे दिया बड़ा बयान